ब्लॉग पोस्ट को SEO Friendly कैसे बनाये | 14 Best तरीके

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आज के इस आर्हटिकल में हम ब्लॉग पोस्ट को SEO Friendly कैसे बनाये? या SEO Friendly Blog Post कैसे लिखे? इस बारे में बताएँगे। किसी भी ब्लॉग को SEO Friendly बनाना बहुत जरूरी है। अगर SEO Friendly नहीं होगा तो उस ब्लॉग में Organic ट्रैफिक नहीं आएगा। किसी भी सर्च इंजन में आपका ब्लॉग नहीं दिखेगा। इसलिए एक ब्लॉग को SEO Friendly बनाना बेहद जरूरी है।

अगर आप भी एक नए ब्लॉगर हैं, और अपने ब्लॉग में ट्रैफिक न आने के कारण से परेशान हैं। तो अब आपको परेशान होने की जरूरत नहीं है। सर्च इंजन ऑप्टिमाइजेशन यानि SEO हमारे ब्लॉग में ट्रैफिक के लिए बहुत महत्वपूर्ण भूमिका अदा करता है।

ब्लॉग पर ट्रैफिक बढ़ाने और सर्च रिजल्ट में अच्छी रैंकिंग प्राप्त करने के लिए, SEO एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। जिन पोस्ट्स के टाइटल में अच्छे कीवर्ड होते हैं, वे सर्च रिजल्ट में पहले पेज पर दिखाई देती हैं और आपके ब्लॉग को अधिक ट्रैफिक लाने और पेज व्यूज़ बढ़ाने में मदद करती हैं। इसलिए आज हम सीखेंगे ब्लॉग पोस्ट को SEO Friendly कैसे बनाये?

ब्लॉग पोस्ट को SEO Friendly कैसे बनाये

जब हम ब्लॉग में कोई पोस्ट लिखते हैं, तो हमें यह समझना चाहिए कि वह कैसे सर्च इंजन में दिखाई जाएगी। नए ब्लॉगर्स के लिए SEO फ्रेंडली पोस्ट लिखना और SEO फ्रेंडली पोस्ट की जानकारी होना बहुत महत्वपूर्ण है, क्योंकि इससे हम अपनी पोस्ट से 40% या उससे भी ज्यादा ट्रैफिक प्राप्त कर सकते हैं। इसलिए हर ब्लॉगर को बता होना चाहिए कि ब्लॉग पोस्ट को SEO Friendly कैसे बनाये?

SEO Friendly ब्लॉग पोस्ट क्या है?

SEO Friendly ब्लॉग पोस्ट लिखने के लिए सबसे पहले आपको यह समझना बेहद जरूरी है कि SEO Friendly ब्लॉग पोस्ट क्या है? SEO का मतलब होता है “Search Engine Optimization”।

यह उस प्रकार की ब्लॉग पोस्ट होती है जिसे सर्च इंजन ठीक तरह से समझ सकता है और उसे सर्च रिजल्ट्स में उपर लाने में मदद करती है। जिसे हम SEO Friendly ब्लॉग पोस्ट कहते हैं।

SEO Friendly ब्लॉग पोस्ट लिखने का मुख्य उद्देश्य है कि वह सर्च इंजन के रिजल्ट्स में यानी SERPs में टॉप पर रैंक करें, टॉप पर रैंक करने से ब्लॉग को ज्यादा ट्रैफिक मिलेगा। इसके लिए ब्लॉग पोस्ट को इस प्रकार से ऑप्टिमाइज़ करके लिखा जाता है जिससे सर्च इंजन बोट्स को समझने में आसानी हो।

जब सर्च इंजन के बोट्स किसी पोस्ट को आसानी से समझ लेते हैं, तो वे उसे सही कीवर्ड पर आसानी से रैंक करते हैं। इसलिए आप अपने ब्लॉग पर SEO Friendly ब्लॉग पोस्ट लिखकर उसका ट्रैफिक बढ़ा सकते हैं।

ब्लॉग पोस्ट को SEO Friendly कैसे बनाये

किसी भी ब्लॉग के लिए SEO बहुत ही महत्वपूर्ण होता है, इसमें एक छोटी सी गलती ब्लॉग की रैंकिंग को बहुत निचे ले जा सकती है। SEO Friendly ब्लॉग पोस्ट लिखते समय आपको कुछ महत्वपूर्ण बातों का ध्यान देना बहुत जरूरी है।

नीचे हम कुछ जरूरी बुनियादी सिद्धांत बता रहे हैं, जो आपको SEO फ्रेंडली ब्लॉग पोस्ट लिखने में सहायता करेंगे :

Keyword Research

आपके मन में ये सवाल आया होगा कि “कीवर्ड” क्या है। इसे समझना आपके लिए बहुत आसान है। जो कुछ भी words या sentence आप गूगल में सर्च करते हैं, उसे ही कीवर्ड कहा जाता है। उदाहरण के लिए, आप Google में सर्च करते हैं “फ्री ब्लॉग कैसे बनाये“। तो यही आपका कीवर्ड होगा।

अब अगला आता है कि कौनसा कीवर्ड सही रहेगा, जो रैंकिंग के लिए अच्छा हो। इसके लिए आपको टूल्स का सही से इस्तेमाल करना होगा, जैसे गूगल का फ्री टूल “Google Keyword Planner”। ऐसा कीवर्ड का चयन करें जिसमें कम्पटीशन कम हो, ताकि आप उस कीवर्ड को जल्दी रैंक कर सकें।

आप अपने अनुसार भी कीवर्ड का चयन कर सकते हैं, और Google Keyword Planner से कम्पटीशन चेक कर सकते हैं। एक महत्वपूर्ण बात यह है कि “Long Tail Keyword” का इस्तेमाल करें। इससे आपको फायदा यह है कि इसमें “Short Tail Keyword” को भी आप अच्छे से रैंक करा सकते है।

चलिए अब आपको बताते है, Long Tail और Short Tail कीवर्ड क्या होते है? अगर आप सर्च करते है – “2024 में High Quality SEO Friendly Article कैसे लिखे” तो यह आपका लॉन्ग टेल कीवर्ड है। वहीँ अगर आप सर्च करते है “Best Webhosting Site” तो यह आपका एक शॉर्ट टेल कीवर्ड होगा।

आप हमेशा लॉन्ग टेल कीवर्ड को फोकस करें, और इसी पर काम करने की कोशिश करें, क्यूंकि जब आप लॉन्ग टेल कीवर्ड पर काम करेंगे, तो शोर्ट टेल कीवर्ड पर आटोमेटिक रैंक होने लग जायेंगे।

Title में Keyword यूज़ करें

अब जब आपने एक अच्छा कीवर्ड का चयन कर लिया है, तो अब आपको एक आकर्षक टाइटल बनाना है। अगर आपका कीवर्ड “High Quality Content” है, तो आप अपने टाइटल को “100% High Quality Content Kaise Likhe” बना सकते हैं।

आपके पोस्ट के टॉपिक के हिसाब से, आपको अपने टाइटल को तैयार करना होगा। SEO के मुताबिक, आपके टाइटल में आपके पोस्ट का मुख्य कीवर्ड यानी (Focus Keyword) जरूर होना चाहिए। कभी भी ऐसी गलती मत करें कि आपअपने टाइटल में फोकस कीवर्ड के जगह कुछ और लिख रहे है।

Focus Keyword का इस्तेमाल करें

अपने पोस्ट के फोकस कीवर्ड को Focus Keyword वाले बॉक्स में जरूर लिखें। आपको फोकस कीवर्ड बॉक्स कहाँ पर मिलेगा? आप अपने ब्लॉग के लिए जिस SEO Tool का यूज़ करें, जैसे Yoast SEO या Rank Math।

तो पोस्ट के सबसे निचे उस SEO टूल का Focus Keyword Box आपको मिल जाएगा, जिसमे आपको अपने फोकस कीवर्ड को जरूर लिखना है।

post me focus keyword use kare

First Paragraph में Keyword यूज़ करें

जब भी आप एक आर्टिकल लिखते हैं, तो आपको ध्यान देना चाहिए कि पहले पैराग्राफ में अपना फोकस कीवर्ड का यूज़ जरूर करें। यह SEO के लिए काफी ज्यादा हेल्पफुल हो सकता है। अगर आप “ब्लॉग क्या है? ब्लॉग्गिंग कैसे करें?” नामक आर्टिकल लिख रहे हैं, तो आपको इसे कीवर्ड के अनुसार लिखना होगा।

कहने का मतलब है कि “ब्लॉग क्या है? ब्लॉग्गिंग कैसे करें?” को पहले पैराग्राफ में कहीं पर जरूर लिखें, क्यूंकि ये आपका कीवर्ड है। लेकिन ध्यान रखें कि कीवर्ड को Natural तरीके से Sentence बनाकर ही लिखा जाए।

कीवर्ड को जबरदस्ती कहीं पर लिखना या बार-बार लिखना Google की गाइडलाइन के खिलाफ है, और इसे कीवर्ड स्टफिंग कहा जाता है।

Meta Description में Keyword यूज़ करें

Meta Description में आपको अपने पूरे पोस्ट का एक Short Summary लिखना होता है, जिसकी लंबाई 150–160 Characters की होनी चाहिए। आपको अपने ब्लॉग पोस्ट या आर्टिकल को पब्लिश करने से पहले अपने Meta Description को एक बार जरूर चेक चाहिए।

चेक करें और ये सुनिश्चित करें कि मेटा डिस्क्रिप्शन सही से लिखा है या नहीं और उसमे अपने फोकस कीवर्ड का इस्तेमाल किया गया है या नहीं।

आपको अपने पोस्ट के Meta Description में उन कीवर्ड्स का इस्तेमाल करना चाहिए जो आपने अपने आर्टिकल के हेडिंग, सब-हेडिंग, टाइटल और पर्मालिंक में इस्तेमाल किए हैं।

यह सब करने से गूगल को यह पता चलता है, कि आपका आर्टिकल किस टॉपिक पर है। और फिर गूगल आपके आर्टिकल को आसानी से रैंक कर पायेगा।

आपको हमेशा एक बात का ध्यान रखना है, कभी भी किसी का भी टाइटल या मेटा डिस्क्रिप्शन कॉपी मत करें, ऐसा करने पर आप कभी भी गूगल के पहले पेज के फर्स्ट पोजीशन यानी टॉप पर रैंक नहीं कर पाएंगे। आप अपने स्तर से कीवर्ड रिसर्च करें, और अपने पोस्ट के अनुसार कीवर्ड यूज़ करें।

अगर आप अपने ब्लॉग में Rank Math SEO Tool का इस्तेमाल करते है, तो पोस्ट के निचे आपको “Edit Snippet” का आप्शन मिल जाएगा, जिस पर क्लिक करके Meta Description लिख सकते है, और अगर आप नहीं भी लिखते है, फिर भी यह टूल आपके पोस्ट के फर्स्ट पैराग्राफ को आटोमेटिक मेटा डिस्क्रिप्शन बना देगा।

Permalink में Keyword यूज़ करें

ब्लॉग की URL (पर्मालिंक) का सर्च इंजन ऑप्टिमाइजेशन (SEO) में बड़ा महत्व होता है। इसलिए अपने पोस्ट के URL यानी पर्मालिंक में अपना कीवर्ड जरूर लिखें। पर्मालिंक को जितना छोटा रख सके, उतना छोटा रखें, लेकिन कम से कम 3 वर्ड का URL होना चाहिए। और इसमें stop word जैसे – is, am, are, it, in, on, etc. का इस्तेमाल मत करें।

उदहारण से समझते है, पर्मालिंक कैसा होना चाहिए, मान लीजिये आपके ब्लॉग का टाइटल है “Top 35+ Best SEO Tools in Hindi 2024” तो पोस्ट का URL – techhindigyan.com/best-seo-tools-hindi होना चाहिए।

अपने पोस्ट की URL को simple और आसान बनाए, जिससे viewers को आसानी से याद  हो जाए, और गूगल भी उसे आसानी से रैंक कर पाए।

Image Alt Tag यूज़ करें

जैसा की आपको पता होगा कि कोई भी सर्च इंजन किसी भी इमेज को Read नहीं कर सकता। अगर आप अपने ब्लॉग पोस्ट में कोई इमेज अपलोड करते है, तो कोई भी सर्च इंजन को ये पता नहीं चल पायेगा कि आपके पोस्ट में इमेज है, जब तक आप अपने इमेज में “Image Alt Tag” नहीं लगाते। इमेज में “Alt Tag” लगाकर आप सर्च इंजन को ये बताते है कि हमारे पोस्ट में इमेज है।

उदाहरण के लिए, मान लीजिये आपका पोस्ट है “Guest Post कैसे Submit करें” और इसमें आप एक इमेज अपलोड करते है, तो इमेज का Alt Tag होना चाहिए “Guest Post Kaise Submit Kare” या “Guest Posting”।

इससे सर्च इंजन को यह पता चलता है कि आपकी इमेज किस बारे में है। और इस बात का भी ध्यान रखें कि Alt Tag में Keyword का जरूर इस्तेमाल करें।

इमेज में Alt Tag लगाने से आपकी इमेज सर्च इंजन में रैंक हो सकती है। अगर कोई गूगल में इमेज सर्च करता है, और उसी कीवर्ड पर आपका इमेज Alt Tag के साथ लगा हुआ है, तो सर्च रिजल्ट में आपका इमेज भी दिख सकता है।

और इस बात का भी ध्यान रखे कि इमेज हमेशा Compress करके और Webp फॉर्मेट में ही अपलोड करें, इससे आपकी ब्लॉग की Loading Speed Slow नहीं होगी।

Heading और Sub-Heading यूज़ करें

हमेशा ब्लॉग पोस्ट में हैडिंग और सबहैडिंग का इस्तेमाल करना चाहिए। Heading और Subheading का इस्तेमाल करना खुद में ही एक SEO का तरीका है।  इससे आपका पोस्ट ऑप्मेटिमाइज़ होता है। याद रखें कि Heading और Subheading का यूज़ करने से आपके ऑडियंस को यह पता चलता है कि आपका कंटेंट किस बारे में है, और कंटेंट के अन्केदर क्या है।

वास्तव में, Heading और Subheading के यूज़ से आप अपने पोस्ट में H2, H3, H4 जैसे tag का इस्तेमाल करते है, जो आपके पोस्ट का SEO बेहतर करता है। और हमेशा H2, H3, H4 जैसे tag में Keyword का इस्तेमाल जरूर किया करें। यह सभी factors SEO के लिए बहुत ज्यादा महत्वपूर्ण होते है।

Minimum 800 Words का पोस्ट लिखें

बहुत से नए ब्लॉगर पूछते है कि हम “पोस्ट को कितने वर्ड का लिखे?” या “पोस्ट कितनी लम्बी होनी चाहिए?” तो इसका आसान सा जवाब ये है कि, आप जिस टॉपिक पर पोस्ट लिख रहे है, उसके बारे में पूरी जानकारी प्रदान करें। जब आप किसी भी चीज के बारे में पूरी जानकरी प्रदान करेंगे, तो आटोमेटिक आपके पोस्ट की लम्बाई बढ़ जाएगी और 1000 words के ऊपर पहुँच जाएँगी।

अगर आप 400-500 वर्ड का पोस्ट लिखेंगे तो SEO पर प्रभाव पड़ेगा, और ये रैंक नहीं करेगा, इसलिए कोशिश करें की पोस्ट में पूरी जानकारी प्रदान करें, जिससे पोस्ट में कम से कम 700-800 वर्ड हो जाये। अपके ब्लॉग पोस्ट की लंबाई कम से कम 800 शब्दों की होनी चाहिए।

क्योंकि जितनी अधिक लंबाई होगी, उतने ही अधिक हैडिंग, सबहेडिंग्स और कीवर्ड्स आएंगे, और आपकी पोस्ट जल्दी रैंक होगी। एक आदर्श पोस्ट की लंबाई 1800 से 2500 शब्दों की होती है। पर इसका मतलब ये नहीं है कि आप हर पोस्ट को जबरदस्ती 2000 या 2500 वर्ड तक पहुँचाये।

आप टॉपिक के अनुसार अपने पोस्ट को लिखे, अगर पूरी जानकारी प्रदान करने के बाद पोस्ट की लम्बाई 1200 वर्ड हो रही है, तो इतना ही रहने दे, इसे जबरदस्ती खिंच कर 2500 वर्ड तक मत लेकर जाए, इससे आपके ब्लॉग की रैंकिंग ख़राब होगी।

Keyword Density का ख्याल रखें

अभी तक हमने जितने भी पॉइंट बताए है, ज्यादातर में कीवर्ड के बारे में बताया गया है। क्यूंकि कीवर्ड SEO के लिए सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण होता है। लेकिन एक सवाल ये भी आता है कि कीवर्ड का कितना यूज़ करना है। आप एक पोस्ट में कितने बार कीवर्ड का इस्तेमाल कर सकते है, इसे ही Keyword Density कहा जाता है।

SEO Experts के मुताबिक, एक आदर्श Keyword Density लगभग 1 से 2% होना चाहिए। अर्थात, टारगेट कीवर्ड प्रति 100 शब्दों में 1-2 बार आना चाहिए। इस तरह से, आप बिना कीवर्ड स्टफिंग के सर्च इंजन को बता सकते हैं कि आपका पोस्ट किस बारे में है। अगर आप कीवर्ड को 2% से ज्यादा इस्तेमाल करेंगे, तो उसे Keyword Stuffing कहा जाएगा। जिससे रैंकिंग पर प्रभाव पड़ता है।

SEO Friendly Blog Post लिखते समय, यह भी महत्वपूर्ण है कि आप केवल 1% या 1.5% कीवर्ड डेंसिटी का पालन करें, ताकि आप गूगल में उस कीवर्ड के लिए अच्छे रैंक पर आ सकें।

Important Keyword को Bold करें

जब आप ब्लॉग पोस्ट लिखते हैं, तो आप उसमें महत्वपूर्ण कीवर्ड को बोल्ड करें। इससे यूजर्स और सर्च इंजन को आपकी कीवर्ड पर फोकस करने में आसानी होती है। आपको सिर्फ महत्वपूर्ण कीवर्ड को ही बोल्ड करना है, सारे कीवर्ड या बहुत ज्यादा कीवर्ड को बोल्ड ना करें।

Internal Linking करें

Internal Linking, ब्लॉग पोस्ट को सर्च इंजन में रैंक कराने में सहायक होता है। अगर आप भी अपने पोस्ट को सर्च इंजन में रैंक कराना चाहते है, तो हर पोस्ट में Internal Linking करना शुरू कर दीजिये।

एक पोस्ट के अन्दर अपने ही किसी दुसरे पोस्ट का लिंक देना, Internal Linking कहलाता है। मतलब ये कि एक इंटरनल लिंक आपकी वेबसाइट के एक पोस्ट से दूसरे पोस्ट को जोड़ता है। इससे आपके यूजर्स को भी हेल्प मिलता है, पोस्ट से रिलेटेड दुसरे पोस्ट का लिंक ऐड करने से आपके ऑडियंस को इधर-उधर भटकना नहीं पड़ता है, वो जो सर्च करना चाहते है, उन्हें एक ही जगह पर साड़ी चीजें मिल जाती है।

नए पोस्ट को लिखते समय, पोस्ट टॉपिक से रिलेटेड पुराने पोस्ट (जो सर्च इंजन में ranked हो) का लिंक जोड़ने से आपका नया पोस्ट भी सर्च इंजन में जल्दी रैंक हो जाता है। जितने अधिक लिंक्स होंगे, उतना ही सर्च इंजन के लिए महत्वपूर्ण होगा। इसलिए, आपके SEO फ्रेंडली ब्लॉग पोस्ट में अच्छे इंटरनल लिंक्स होना जरूरी है। इससे आपके ब्लॉग का Bounce Rate कम होता है।

लेकिन इस बात का ध्यान रखें कि आपको उन्ही पोस्ट का लिंक देना है, जो आपके पोस्ट टॉपिक से रिलेटेड हो। मान लीजिये, आपके पोस्ट का टाइटल है “ब्लॉग्गिंग कैसे करें” तो इसमें ब्लॉग्गिंग से रिलेटेड जो भी पोस्ट पुराने लिखें होंगे, उनके लिंक दे सकते है।

External Linking करें

External Linking भी Internal Linking की तरह ही होता है, बस इसमें फर्क इतना है कि एक्सटर्नल लिंकिंग में जो आप लिंक लगाते है, वो किसी दुसरे डोमेन का होता है, यानी दूसरी वेबसाइट का होता है। अर्थात अगर कोई दूसरी वेबसाइट आपके साथ लिंक करती है, तो उसे आपकी साइट का External link माना जाता है। उसी प्रकार, अगर आप किसी अन्य वेबसाइट को लिंक करते हैं, तो वह भी External लिंक होता है।

आपको उन्ही साईट को External link देना चाहिए, जिनका DA-PA, CPC ज्यादा हो। जिनकी सर्च इंजन की नजर में ज्यादा वैल्यू हो। आप चाहे एक ही External link दें, लेकिन वो Do-Follow Link होना चाहिए।

अगर आप एक SEO Friendly Blog Post लिख रहे हैं जिसका टाइटल है “SEO क्या है?”, तो इसमें आप “SEO” वर्ड को किसी दूसरी SEO साइट के साथ link कर सकते हैं। SEO वर्ड के साथ एक URL का Link दे सकते हैं, जब भी कोई SEO वर्ड पर क्लिक करेगा, तो वह उस साइट के पेज पर रीडायरेक्ट होगा।

High Quality Content लिखें

आपको आर्टिकल लिखते समय, अपने ऑडियंस को ध्यान में रखना है। यानी की आप जो भी पोस्ट लिखेंगे वो सर्च इंजन के लिए नहीं लिखेंगे, बल्कि अपनी viewers, readers और audience के लिए लिखेंगे। ये मत सोचिये कि ज्यादा कीवर्ड का उपयोग करने से पोस्ट रैंक हो जाएगा। अगर आप User के लिए नहीं लिखेंगे तो कोई फायदा नहीं होगा।

मेरा सिंपल सा मतलब ये है कि आप हमेशा Quality content लिखें। इसका मतलब है कि आप एक Complete Content लिखें, Relevant Content और User Readable Content होना चाहिए। आप ऐसा कंटेंट लिखें कि यूजर आपका पूरा पोस्ट पढ़ने के बाद ये सोचे कि मुझे जो चाहिए, वो मिल गया।

पोस्ट की लम्बाई पर भी आप जरूर ध्यान दें। कम से कम 800 words का आर्टिकल तो लिखें ही लिखें। जब आप Quality Content लिखते हैं, तो आपको SEO के बारे में भूल जाना चाहिए, बस ऑडियंस को ध्यान में रखें और दिल से कंटेंट लिखें, गूगल को भी यही पसंद है।

FAQ

ब्लॉग पोस्ट का SEO Friendly होना जरूरी है?

जी हाँ। ब्लॉग पोस्ट को रैंक कराने के लिए बेहद जरूरी है और ब्लॉगिंग में सफल होने के लिए भी ब्लॉग पोस्ट का SEO Friendly होना जरूरी है।

SEO Friendly और User Friendly पोस्ट में क्या अंतर है?

जो पोस्ट SEO को ध्यान में रखकर लिखा जाता है, उन्हें SEO Friendly कहते है, और जो यूजर को ध्यान में रखकर लिखा जाता है उन्हें User Friendly कहा जाता है। आपको बता दें सर्च इंजन को भी User Friendly पोस्ट ज्यादा पसंद है।

SEO फ्रेंडली आर्टिकल / पोस्ट कैसे लिखें?

इस आर्टिकल में बताए गए सभी स्टेप्स को फॉलो करके आप एक High Quality SEO Friendly Article लिख सकते है।

कम से कम कितने सब्दों का आर्टिकल लिखना चाहिए?

कम से कम 700-800 Words का आर्टिकल लिखें।

आपकी राय

आपकी राय हमारे लिए बहुत महत्वपूर्ण है। आप हमें कमेंट करके बताए कि :

  • आपको हमारी यह पोस्ट कैसे लगी?
  • क्या आपको इस आर्टिकल से कुछ सिखने को मिला?
  • इसमें से कौन से Points के बारे में आपको नहीं पता था?
  • SEO Friendly Blog Post लिखने के लिए क्या हमसे कोई Point छूट गया है?

Conclusion

तो दोस्तों, उम्मीद करता हूँ कि आपको हमारी ये आर्टिकल “ब्लॉग पोस्ट को SEO Friendly कैसे बनाये? या SEO Friendly Blog Post कैसे लिखे?” जरूर पसंद आई होगी। और हमारे द्वारा बताई गयी सभी बाते आपको समझ में भी आ गयी होंगी। अगर आपके मन में अभी भी किसी तरह का कोई सवाल है, तो आप हमसे कमेंट करके पूछ सकते है।

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